Proxy Server क्या है

एक प्रॉक्सी सर्वर [ Proxy Server ] एक कंप्यूटर या किसी अन्य हार्डवेयर पर चलने वाला एक सॉफ्टवेयर सिस्टम है , जो end users जैसे कि कंप्यूटर, मोबाइल और एक अन्य सर्वर [ जिस से एक उपयोगकर्ता या ग्राहक एक सेवा का अनुरोध कर रहा है] के बीच मध्यस्थ के रूप में कार्य करता है।

प्रोक्सी सर्वर किस प्रकार कार्य करता है

जब एक प्रॉक्सी सर्वर को किसी इंटरनेट रिसोर्स के लिए (जैसे एक वेब पेज) के लिए अनुरोध प्राप्त होता है, तो वह अपनी स्थानीय मेमोरी [पहले के पृष्ठों का डाटा स्टोरीज अर्थात cache memory] में खोज करता है। यदि यह पृष्ठ स्थानीय मेमोरी में मिल जाता है, तो यह इंटरनेट रिसोर्स के अनुरोध को अग्रेषित किए बिना उपयोगकर्ता को स्थानीय मेमोरी में स्टोर डाटा के द्वारा उपलब्ध करा देता है। इस प्रकार प्रोक्सी सर्वर इंटरनेट की गति [Internet Speed] बढ़ाता है और बैंडविड्थ भी बचाता है जिससे इंटरनेट डाटा के ऊपर किया जाने वाला खर्च कम किया जा सकता है। यदि पृष्ठ स्थानीय मेमोरी अर्थात cache memory में नहीं पाया जाता है, तो प्रॉक्सी सर्वर, उपयोगकर्ता की ओर से एक एंड यूजर [end user] के रूप में कार्य करता है, और अपने स्वयं के आईपी पते का उपयोग करके इंटरनेट पर सर्वर से पृष्ठ [web page] का अनुरोध करता है। जब इंटरनेट सर्वर से पृष्ठ [web page] लौटाया जाता है, तो प्रॉक्सी सर्वर इसे मूल अनुरोध से संबंधित करता है और वास्तविक उपयोगकर्ता के पास भेजता है।

हमें प्रॉक्सी सर्वर की आवश्यकता क्यों है?

इंटरनेट के इस युग में, प्रत्येक organisation को एक Internal LAN नेटवर्क यानी इंट्रानेट बनाए रखने की आवश्यकता है। इस LAN का उपयोग करके वे कर्मचारियों को इंटरनेट का उपयोग प्रदान करते हैं। कर्मचारी की भूमिका के आधार पर, इंटरनेट का उपयोग, इंटरनेट बैंडविड्थ प्रावधान किया जाता है। इस कार्य को करने के लिए कई प्रकार के सॉफ्टवेयर उपलब्ध हैं, लेकिन उनमें से अधिकांश में आवर्ती लागत[recurring cost] सम्मिलित रहती है या फिर इस प्रकार के सॉफ्टवेयर linux आधारित है, जो एक सामान्य कर्मचारी के लिए संचालित करने के लिए कठिन है। ऐसी स्थिति के लिए विंडोज बेस्ड प्रोक्सी सिस्टम सबसे अच्छा समाधान है जोकि ग्राफिकल यूजर इंटरफेस होने के कारण किसी भी सामान्य कर्मचारी द्वारा ऑपरेट किया जा सकता है स्मार्ट प्रॉक्सी ऐसी ही स्थिति के लिए एक बेहतरीन सॉफ्टवेयर हैं जिसके द्वारा आप अपने ऑर्गेनाइजेशन मैं इंटरनेट बैंडविथ का उपयोग ग्रुप या आईपी वाइज कर सकते हैं

Network Troubleshooting में पिंग कमांड का प्रयोग

ping command in network troubleshooting

पिंग कमांड एक कमांड प्रॉम्प्ट कमांड है। पिंग कमांड का उपयोग तक पहुंचने के लिए सोर्स [source] कंप्यूटर या आईपी डिवाइस से गंतव्य [destination] कंप्यूटर या आईपी डिवाइस के बीच कनेक्टिविटी की जांच करने के लिए किया जाता है। पिंग कमांड आमतौर पर एक कंप्यूटर से किसी अन्य कंप्यूटर या नेटवर्क डिवाइस के साथ कंप्यूटर नेटवर्क पर communication कर सकता है, यह सत्यापित करने के लिए एक सरल तरीके के रूप में उपयोग किया जाता है ।

पिंग कमांड गंतव्य[destination] कंप्यूटर पर एक इंटरनेट कंट्रोल मैसेज प्रोटोकॉल (ICMP) इको[echo] अनुरोध संदेश भेजता है और response की समीक्षा करता है भेजे गए इको मैसेज में से कितने वापस आ गए हैं, कितने खो गए हैं और उन्हें वापस लौटने में कितना समय लगता है, यह महत्वपूर्ण जानकारी है जो पिंग कमांड प्रदान करता है।

उदाहरण के लिए, जब आप देखते हैं कि नेटवर्क स्विच, राउटर को पिंग करते समय कोई प्रतिक्रिया[reponse] नहीं मिलता है, तो इसका मतलब है कि डिवाइस ऑफ़लाइन है और आपको समस्या को हल करने की आवश्यकता है

कंप्यूटर नेटवर्क क्या है?

what is computer network

कंप्यूटर नेटवर्क कंप्यूटरों का एक समूह है जो संसाधनों को साझा करने के लिए कुछ मीडिया का उपयोग करते हुए एक-दूसरे के साथ जुड़े हुए हैं।


यहाँ इंटरकनेक्टेड शब्द बहुत महत्वपूर्ण है, इंटरकनेक्टेड का अर्थ है कि डिवाइस या कंप्यूटर जानकारी का आदान-प्रदान करने में सक्षम हैं यदि हम केवल कंप्यूटर कनेक्ट करते हैं लेकिन वे सूचनाओं का आदान-प्रदान करने में सक्षम नहीं हैं तो यह कंप्यूटर नेटवर्क नहीं बनाता है। इसलिए कंप्यूटर नेटवर्क बनाने के लिए यह आवश्यक है कि कंप्यूटर या अन्य डिवाइस एक दूसरे के साथ सूचना का आदान प्रदान कर सकें कम्युनिकेट कर सकें

ज्योग्राफिकल एरिया के आधार पर कंप्यूटर नेटवर्क चार मुख्य प्रकार में बांटा जा सकता है

  • वाइड एरिया नेटवर्क WAN
  • लोकल एरिया नेटवर्क LAN
  • मेट्रोपॉलिटन एरिया नेटवर्क MAN
  • पर्सनल एरिया नेटवर्क PAN